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GLP-1 दवाएं बंद करने से हृदय रोग का खतरा बढ़ सकता है

एक नए अध्ययन में पाया गया है कि मधुमेह की GLP-1 दवाएं अचानक बंद करने से हृदय गति रुकने और स्ट्रोक का जोखिम बढ़ सकता है। शोधकर्ताओं ने लाखों रोगियों के डेटा की तुलना करके यह खतरनाक निष्कर्ष निकाला है।

LSN India · 23 September 2026

मधुमेह के इलाज में उपयोग की जाने वाली GLP-1 दवाओं को अचानक रोकने से हृदय रोग और स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है। यह निष्कर्ष एक बड़े अध्ययन से सामने आया है जिसमें लाखों रोगियों के स्वास्थ्य रिकॉर्ड का विश्लेषण किया गया था।

शोधकर्ताओं ने 132,551 लोगों के डेटा की तुलना की जिन्हें GLP-1 दवाएं दी गई थीं, जबकि 201,136 लोगों को सल्फोनिलयुरिया नामक अन्य मधुमेह की दवाएं दी गई थीं। अध्ययन में रोगियों के उपचार स्थिति का नियमित अंतराल पर मूल्यांकन किया गया। यह शोध यह समझने के लिए महत्वपूर्ण है कि दवाओं को कैसे सुरक्षित रूप से बंद किया जाए।

चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि GLP-1 दवाएं रक्त शर्करा को नियंत्रित करने के अलावा हृदय स्वास्थ्य को भी सुरक्षा प्रदान करती हैं। इसलिए इन दवाओं को अचानक रोकना मरीजों के लिए जोखिमपूर्ण हो सकता है। विशेषज्ञ सुझाते हैं कि किसी भी मधुमेह की दवा को बंद करने से पहले चिकित्सक से परामर्श जरूरी है।

इस अध्ययन के परिणाम मधुमेह की दीर्घकालिक प्रबंधन रणनीति पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकते हैं। रोगियों को अपनी दवाओं के बारे में सतर्क रहने और किसी भी बदलाव के लिए अपने डॉक्टर से बात करने की सलाह दी जाती है।