Politics · India Bureau
पत्रकार सत्यम वर्मा की NSA नज़रबंदी पर इलाहाबाद HC ने केंद्र से मांगा जवाब
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने पत्रकार सत्यम वर्मा की राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत नज़रबंदी पर केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार से जवाब मांगा है। वर्मा का दावा है कि वह हिंसा की घटना स्थल पर मौजूद नहीं थे।
LSN India ·

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने पत्रकार सत्यम वर्मा की राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत नज़रबंदी को लेकर भारत सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार से विस्तृत जवाब मांगा है। अदालत द्वारा यह कदम वर्मा की याचिका के आधार पर उठाया गया है जिसमें उन्होंने अपनी गिरफ्तारी को चुनौती दी है।
वर्मा ने अपनी याचिका में दावा किया है कि उन्हें NSA के तहत जारी नज़रबंदी आदेश में जिस हिंसा की घटना का जिक्र किया गया है, वह उस घटना स्थल पर मौजूद नहीं थे। उन्होंने अपनी निरंतता को साबित करने के लिए सबूत प्रस्तुत करने की अपील की है।
वर्मा के अनुसार, नोएडा में जो मज़दूरों का विरोध प्रदर्शन हुआ था, वह न्यूनतम वेतन संबंधी मांगों को लेकर था और इसका कोई संबंध सार्वजनिक व्यवस्था में खतरे से नहीं था। उन्होंने तर्क दिया है कि NSA जैसे कठोर कानून का दुरुपयोग करके उन्हें नज़रबंद किया गया है।
यह मामला नज़रबंदी कानूनों के दुरुपयोग और पत्रकारों की अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से संबंधित प्रश्न उठाता है। उच्च न्यायालय के आदेश के बाद अब सरकारें अपना पक्ष रखने के लिए अदालत में जवाब दाखिल करेंगी।