Politics · India Bureau
भारतीय कंपनियों ने 2026 में 16 अरब डॉलर जुटाए, सिटी की महत्वपूर्ण भूमिका
सिटी बैंक ने भारतीय कंपनियों को ऋण और इक्विटी बाजारों के माध्यम से 2026 में लगभग 16 अरब डॉलर जुटाने में सहायता प्रदान की है। बैंक ने विलय और अधिग्रहण लेनदेन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
LSN India ·

सिटी बैंक ने भारतीय कंपनियों के पूंजी संग्रहण में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। 2026 में बैंक ने देश की कंपनियों को कर्ज और शेयर बाजार के माध्यम से करीब 16 अरब डॉलर जुटाने में मदद की है। यह आंकड़ा भारतीय कॉर्पोरेट क्षेत्र में निवेश गतिविधि की मजबूत गति को दर्शाता है।
बैंकिंग सेवाओं के अलावा, सिटी ने विलय-विभाजन और अधिग्रहण संबंधी लेनदेन में भी महत्वपूर्ण सलाह प्रदान की है। इस वर्ष बैंक ने 36 अरब डॉलर से अधिक मूल्य के एम एंड ए लेनदेन में सलाहकार की भूमिका निभाई है। यह आंकड़ा भारतीय कंपनियों के बीच रणनीतिक विनिवेश और समेकन की बढ़ती प्रवृत्ति को उजागर करता है।
भारतीय अर्थव्यवस्था में बड़े बैंकों की भूमिका बढ़ रही है। विश्वव्यापी वित्तीय संस्थाएं भारतीय कंपनियों के विस्तार और विकास में प्रमुख भूमिका निभा रही हैं। सिटी जैसी संस्थाओं की सेवाएं भारतीय उद्यमों को वैश्विक पूंजी बाजारों तक पहुंचने में सहायक साबित हो रही हैं।
वर्तमान में भारतीय कंपनियों द्वारा पूंजी संग्रहण की यह रफ्तार अर्थव्यवस्था के विस्तार और निगमों की सकारात्मक दृष्टिकोण को दर्शाती है। आने वाले समय में ऐसी गतिविधि जारी रहने की संभावना है क्योंकि भारतीय फर्मों का विस्तार कार्यक्रम तेज गति से आगे बढ़ रहा है।