Business · India Bureau
कोयला संकट गहराया, 66 थर्मल संयंत्रों के भंडार खतरे के स्तर पर
बिजली की बढ़ती मांग, मानसून में कम जलविद्युत उत्पादन और घरेलू कोयला उत्पादन में गिरावट से थर्मल पावर प्लांटों के कोयले के भंडार में तेजी से कमी आई है। देश भर में 66 संयंत्र अब गंभीर भंडार स्थिति का सामना कर रहे हैं।
LSN India ·

देश के 66 थर्मल विद्युत संयंत्रों के पास अब केवल न्यूनतम कोयला भंडार रह गया है, जो बिजली आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ा रहा है। इन संयंत्रों में कोयले का स्तर महत्वपूर्ण सीमा तक पहुंच गया है, जो ग्रीष्मकालीन मांग के दौरान बिजली उत्पादन में बाधा डाल सकता है।
बिजली की मांग में वृद्धि और मानसून के दौरान जलविद्युत उत्पादन में कमी का असर देश के ऊर्जा भंडार पर पड़ रहा है। इसी अवधि में घरेलू कोयला उत्पादन भी अपेक्षा से कम रहा, जिससे पावर प्लांटों तक कोयले की आपूर्ति प्रभावित हुई है।
थर्मल पावर संयंत्रों के लिए पर्याप्त कोयला भंडार बनाए रखना बिजली आपूर्ति की निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। विद्युत उत्पादन से जुड़े अधिकारियों का मानना है कि आने वाले सप्ताहों में कोयले की आपूर्ति को बेहतर करने के लिए तत्काल कदम उठाए जाने आवश्यक हैं।
इस संकट का समाधान करने के लिए कोयला उत्पादन को त्वरित किया जा रहा है और आयातित कोयले पर भी निर्भरता बढ़ाई जा रही है। बिजली विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ हफ्तों में परिस्थिति में सुधार आना चाहिए।