World · India Bureau
दिवाली पूर्व दिल्ली में वायु प्रदूषण का संकट, आईआईटी से रोहिणी तक प्रभावित
दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक 'बहुत खराब' श्रेणी में पहुंच गया है। प्रदूषण निगरानी डेटा के अनुसार, 21 मापन स्टेशनों पर स्थिति 'गंभीर' दर्ज की गई है।
LSN India ·

दिवाली की पूर्व संध्या पर राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण चिंताजनक स्तर पर पहुंच गया है। हिंदुस्तान टाइम्स प्रदूषण डैशबोर्ड के विश्लेषण से पता चलता है कि शहर के विभिन्न हिस्सों में वायु गुणवत्ता सूचकांक गंभीर स्तर पर खतरे का संकेत दे रहा है।
प्रदूषण निगरानी केंद्रों की रिपोर्ट में 21 स्टेशनों पर 'गंभीर' (सेवियर) वायु गुणवत्ता दर्ज की गई है, जबकि 30 स्टेशनों पर स्थिति 'बहुत खराब' (वेरी पूअर) श्रेणी में है। इसका अर्थ है कि शहर के अधिकांश क्षेत्रों में प्रदूषण का स्तर खतरनाक हो गया है। आईआईटी दिल्ली से लेकर रोहिणी तक के क्षेत्र सहित शहर के प्रमुख इलाकों में प्रदूषण का असर देखा जा रहा है।
विशेषज्ञ इस समय में खुली हवा में रहने, विशेषकर बाहरी गतिविधियों से बचने की सलाह दे रहे हैं। श्वसन संबंधी बीमारियों से जूझ रहे लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने का निर्देश दिया जा रहा है। सरकारी एजेंसियां प्रदूषण नियंत्रण के लिए आपातकालीन उपाय लागू करने पर विचार कर रही हैं।
वर्ष के इस समय में पराली जलाने, वाहनों के उत्सर्जन और निर्माण गतिविधियों के कारण दिल्ली में वायु गुणवत्ता में गिरावट एक नियमित समस्या बन गई है। दिवाली पर पटाखों के विस्फोट से प्रदूषण में और भी वृद्धि की आशंका है।