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बेरोजगारी से लोक कला का जन्म: 53 साल की मेहनत से बना अद्भुत पत्थर उद्यान
1932 में नौकरी खोने के बाद एक अमेरिकी कारीगर ने 2.5 लाख से अधिक पत्थरों से एक असाधारण बाग बनाया। उनकी पत्नी ने पांच दशक तक इस कलात्मक निर्माण की देखभाल की, जो अब जनता के लिए खुला है।
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संकट की घड़ी में कला का जन्म होता है। यह बात हैरी हार्टमैन के जीवन में सच साबित हुई जब 1932 में कारखाने में उनकी नौकरी छिन गई। आर्थिक संकट के इस दौर में उन्होंने अपनी रचनात्मक प्रतिभा को एक भव्य लोक कला परियोजना में रूपांतरित किया।
हार्टमैन ने अपने जीवन के 12 वर्षों तक लगातार पत्थरों को संग्रहित किया और उन्हें कलात्मक तरीके से व्यवस्थित किया। उनके द्वारा निर्मित इस बाग में 2.5 लाख से अधिक पत्थर और पुनर्निर्मित सामग्रियों का उपयोग किया गया। यह परियोजना केवल एक व्यक्ति की रचनात्मकता का ही नहीं, बल्कि मानव आत्मा की अदम्य शक्ति का प्रतीक बन गई।
हार्टमैन के बाद उनकी पत्नी मेरी ने 53 वर्षों तक इस सुंदर बाग की देखभाल की। उनकी समर्पण और प्रेम के कारण यह उद्यान संरक्षित रहा और पीढ़ियों तक पहुंचा। कोहलर फाउंडेशन ने इस ऐतिहासिक निर्माण का जीर्णोद्धार किया और इसे एक सामुदायिक संगठन को सौंप दिया।
वर्तमान में यह पत्थर उद्यान एक प्रमुख पर्यटन स्थल बन गया है, जहां आगंतुक हार्टमैन की दूरदर्शी कलात्मकता को देख सकते हैं। सार्वजनिक दौरों के माध्यम से यह बाग हजारों लोगों को प्रेरणा देता है कि कैसे कठिन परिस्थितियों में भी मानव सृजनशीलता अद्भुत कार्य कर सकती है।