World · India Bureau
कर्मचारी राज्य बीमा निगम के निजीकरण के खतरे को लेकर चेतावनी
केंद्रीय कर्मचारी राज्य बीमा निगम के महानिदेशक अशोक कुमार सिंह का कहना है कि सामाजिक सुरक्षा संहिता का कार्यान्वयन अधिक से अधिक श्रमिकों को ESIC के लाभ से जुड़ने में मदद देगा।
LSN India ·

कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) के प्रशासन ने निगम के निजीकरण की किसी भी संभावित कोशिश के खिलाफ सतर्कता बरतने की चेतावनी दी है। ESIC के महानिदेशक अशोक कुमार सिंह ने कहा कि यह संस्थान देश के लाखों कामगारों के लिए एक महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा तंत्र के रूप में कार्य करता है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि ESIC की सार्वजनिक प्रकृति को बनाए रखना श्रमिकों के हितों की रक्षा के लिए आवश्यक है।
सिंह का मानना है कि सामाजिक सुरक्षा संहिता (Code on Social Security) के कार्यान्वयन से ESIC की पहुंच और प्रभावशीलता में वृद्धि होगी। इस संहिता के माध्यम से असंगठित क्षेत्र के अधिकतर श्रमिकों को भी ESIC की छत्रछाया में लाया जा सकेगा। महानिदेशक के अनुसार, यह कदम देश की बड़ी कामगार आबादी को बेहतर सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने में सहायक साबित होगा।
ESIC वर्तमान में देश में लाखों संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों को चिकित्सा और नकद लाभ प्रदान करता है। ESIC की व्यवस्था का उद्देश्य कामगारों और उनके आश्रितों को बीमारी, विकलांगता और रोजगार की हानि जैसी परिस्थितियों में आर्थिक सहायता प्रदान करना है। सरकारी अधिकारियों का तर्क है कि इस प्रणाली को सार्वजनिक क्षेत्र में ही रखने से कामगारों के अधिकार सुरक्षित रहते हैं।