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छोटे NBFC को वित्तपोषण में कठिनाई, बड़े लेंडरों से बढ़ता अंतराल
NBFC उद्योग के शीर्ष नेताओं ने चेतावनी दी है कि बड़े और छोटे ऋणदाताओं के बीच वित्तपोषण का अंतराल बढ़ रहा है। प्रतिस्पर्धा और आर्थिक जोखिमों के बीच छोटे ऋणदाताओं की वृद्धि प्रभावित हो रही है।
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गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (NBFC) के शीर्ष अधिकारियों ने संकेत दिया है कि उद्योग में वित्तपोषण की कमी से छोटे ऋणदाताओं की विस्तार योजनाएं बाधित हो रही हैं। Business Standard BFSI Insight Summit 2026 में भाग लेने वाले नेताओं ने बताया कि बड़ी NBFC कंपनियों की तुलना में छोटे लेंडरों को पूंजी जुटाना अधिक कठिन हो गया है।
यह वित्तपोषण अंतराल तब बढ़ रहा है जब NBFC क्षेत्र तेजी से विकसित हो रहा है और उपभोक्ता ऋण की मांग बढ़ रही है। उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि बाजार में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और विकसित हो रहे ग्राहक आवश्यकताओं के कारण छोटे खिलाड़ियों को अतिरिक्त दबाव का सामना करना पड़ रहा है।
नेताओं ने रेखांकित किया कि आर्थिक जोखिम भी छोटे NBFC की वृद्धि की गति को प्रभावित कर रहे हैं। वे मानते हैं कि यदि यह स्थिति जारी रहती है तो यह संकुचन का कारण बन सकती है और बाजार में असमानता बढ़ा सकती है।
उद्योग विशेषज्ञ मानते हैं कि सरकारी हस्तक्षेप और नीतिगत समर्थन से छोटे NBFC को बेहतर वित्तपोषण विकल्प मिल सकते हैं। इससे न केवल छोटे ऋणदाताओं का विकास होगा बल्कि समग्र वित्तीय क्षेत्र में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा भी सुनिश्चित होगी।