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जेन जेड में नकली स्नीकर्स की मांग बढ़ी, ब्रांडेड जूतों की कीमत मुख्य कारण

प्रीमियम स्नीकर्स का ट्रेंड युवाओं में तेजी से फैल रहा है, लेकिन ऊंची कीमतें उन्हें सस्ते विकल्प की ओर धकेल रही हैं। सोशल मीडिया के प्रभाव और स्ट्रीटवियर संस्कृति के कारण फर्स्ट-कॉपी जूतों का बाजार तेजी से विस्तार पा रहा है।

LSN India · 26 October 2026

जेन जेड में नकली स्नीकर्स की मांग बढ़ी, ब्रांडेड जूतों की कीमत मुख्य कारण

भारत के शहरों में जेन जेड पीढ़ी के बीच विदेशी ब्रांडों के महंगे स्नीकर्स पहनने का चलन तेजी से बढ़ रहा है। हालांकि, असली जूतों की कीमत हजारों रुपये तक पहुंचने से अधिकांश युवा सस्ते विकल्प तलाश रहे हैं। इसी बीच नकली और फर्स्ट-कॉपी स्नीकर्स का बाजार उल्लेखनीय रूप से बढ़ गया है।

इंस्टाग्राम, टिकटॉक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर ब्रांडेड जूतों को लेकर बनाया जाने वाला कंटेंट इस ट्रेंड को गति दे रहा है। स्ट्रीटवियर फैशन संस्कृति के लोकप्रिय होने से युवा एक खास इमेज बनाने के लिए प्रेरित हो रहे हैं। सीमित आय वाले युवा मूल ब्रांड की बजाय कम कीमत में समान दिखने वाले जूते खरीद रहे हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि ब्रांडेड स्नीकर्स की ऊंची कीमत, सामाजिक दबाव और उपभोक्तावादी संस्कृति नकली सामान के बाजार को बढ़ाने में मुख्य भूमिका निभा रही हैं। इस प्रवृत्ति ने कानूनी और नैतिक समस्याएं भी उत्पन्न की हैं।

बाजार विश्लेषकों के अनुसार यह समस्या केवल जूतों तक सीमित नहीं है। इलेक्ट्रॉनिक्स, फैशन और अन्य लाक्जरी वस्तुओं में भी नकली सामान की मांग बढ़ रही है। सरकार और ब्रांड्स के लिए यह एक प्रमुख चुनौती बन गई है।