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केरल के बुनियादी ढांचे के अंतराल को पूरा करने के लिए बजटीय संसाधन अपर्याप्त

केरल के पूर्व वित्त मंत्री टी.एम. थॉमस इसाक के अनुसार, राज्य के संचित बुनियादी ढांचा घाटे को केवल बजटीय संसाधनों से दूर नहीं किया जा सकता। वे केरल इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट फंड बोर्ड जैसी व्यवस्था के महत्व पर बल देते हैं।

LSN India · 19 October 2026

केरल के बुनियादी ढांचे के अंतराल को पूरा करने के लिए बजटीय संसाधन अपर्याप्त

केरल के विकास की चुनौतियों पर विचार करते हुए राज्य के पूर्व वित्त मंत्री टी.एम. थॉमस इसाक ने चेतावनी दी है कि अतीत से जुड़ा बुनियादी ढांचा संकट केवल परंपरागत बजटीय माध्यमों से हल नहीं हो सकता। उनके अनुसार, राज्य ने वर्षों तक अपने आधारभूत ढांचे में निवेश में जो अंतराल पैदा किया है, उसे एक उचित समय सीमा में पूरा करने के लिए अतिरिक्त वित्तीय तंत्र की आवश्यकता है।

इसाक ने केरल इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट फंड बोर्ड (किआईएफबी) जैसी व्यवस्थाओं की अहमियत को रेखांकित किया है। ऐसे विशेष तंत्र के माध्यम से राज्य सरकार बेहतर ढंग से अपनी बुनियादी ढांचा संबंधी जरूरतों को पूरा कर सकती है। वे मानते हैं कि पारंपरिक वित्तीय साधनों के साथ-साथ नई और अभिनव वित्तपोषण रणनीतियों की जरूरत है।

राज्य के विकास के लिए इस संरचनात्मक समस्या को समझना प्रशासकों और नीति निर्माताओं के लिए महत्वपूर्ण है। पूर्व वित्त मंत्री की टिप्पणी इस बात को रेखांकित करती है कि केवल वार्षिक बजट आवंटन से केरल अपने स्थायी बुनियादी ढांचा संकट को संबोधित नहीं कर सकता। राज्य के समग्र विकास और आर्थिक वृद्धि के लिए दीर्घकालिक और बहुआयामी वित्तीय दृष्टिकोण अपरिहार्य है।