Politics · India Bureau
अंबानी-अडानी समूह के मीडिया आउटलेट्स मोदी सरकार के गोपनीयता कानून को चुनौती दे रहे हैं
भारतीय प्रकाशकों का एक प्रभावशाली समूह सरकार के नए गोपनीयता कानून के खिलाफ अदालत में मुकदमा दायर कर रहा है। यह मामला 27 अक्टूबर 2026 को सुनवाई के लिए निर्धारित है।
LSN India ·

भारत में मीडिया और प्रकाशन क्षेत्र में एक बड़ा विवाद खड़ा हो गया है क्योंकि प्रमुख बिजनेस समूहों से संबंधित न्यूज आउटलेट्स केंद्र सरकार के गोपनीयता कानून को लेकर कानूनी लड़ाई लड़ रहे हैं। अंबानी और अडानी समूहों के मीडिया हित सहित इन प्रकाशकों ने 6 अक्टूबर को सूचना गोपनीयता से संबंधित सरकारी नीति के खिलाफ मुकदमा दायर किया है।
यह कानूनी चुनौती सरकार की गोपनीयता नीति को लेकर सबसे उच्च-स्तरीय विरोध के रूप में सामने आई है। मामले की सुनवाई अगले साल 27 अक्टूबर को निर्धारित की गई है, जिससे यह सवाल उठता है कि आने वाले महीनों में भारतीय मीडिया नियमन के संबंध में क्या निर्णय हो सकता है।
प्रकाशकों का तर्क है कि विवादास्पद गोपनीयता कानून संपादकीय स्वतंत्रता और मीडिया की स्वायत्तता को प्रभावित करता है। वे मानते हैं कि यह कानून संवैधानिक अधिकारों का उल्लंघन करता है और मीडिया उद्योग के सामान्य कामकाज में बाधा डालता है।
यह मामला भारत में सूचना एवं संचार कानूनों के विकास में एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है। आने वाली सुनवाई में अदालत सरकारी नीतियों और नागरिक स्वतंत्रता के बीच संतुलन पर निर्णय देगी।