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फरार अपराधी ने 40 साल तक मृत सहपाठी का नाम इस्तेमाल कर 138,000 डॉलर सामाजिक सुरक्षा लाभ प्राप्त किए
एक फरार व्यक्ति ने चार दशक तक अपनी असली पहचान छुपाए रखते हुए अपने एक मृत सहपाठी के नाम का इस्तेमाल किया। इस धोखाधड़ी के दौरान उसने अमेरिकी सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रम से 138,000 डॉलर से अधिक की राशि प्राप्त की।
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एक दशकों तक फरार रहने वाले अपराधी को पकड़ा गया है जो चार दशकों से अधिक समय तक अपने स्कूल के एक मृत सहपाठी की पहचान का इस्तेमाल करके जीवन जी रहे थे। जांच से पता चला है कि इस व्यक्ति ने इस नकली पहचान के माध्यम से सामाजिक सुरक्षा लाभों की राशि में 138,000 डॉलर से अधिक राशि अवैध रूप से एकत्रित की थी।
यह मामला कागजी दस्तावेजों की पहचान को लेकर चिंताएं उजागर करता है और यह दर्शाता है कि कोई व्यक्ति सरकारी प्रणालियों में कितने समय तक घुसा हुआ रह सकता है। विधिवत जांच में पता चला कि आरोपी व्यक्ति को मृत सहपाठी के नाम पर विभिन्न आधिकारिक दस्तावेज हासिल करने में सफलता मिली थी।
सामाजिक सुरक्षा प्रशासन के अधिकारियों ने इस धोखाधड़ी की खोज के बाद तत्काल कार्रवाई की। इस मामले से सार्वजनिक सहायता कार्यक्रमों में अधिक कठोर सत्यापन प्रक्रियाओं की आवश्यकता पर बल पड़ता है।
अब अपराधी के खिलाफ सामाजिक सुरक्षा धोखाधड़ी, पहचान चोरी और संबंधित अपराधों के आरोपों में कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है। मामला न्यायिक प्रक्रिया के दायरे में है।