LSN News › India

Politics · India Bureau

सुप्रीम कोर्ट ने पत्रकार अभिषेक उपाध्याय को कोई सजा देने से रोका

सुप्रीम कोर्ट ने पत्रकार अभिषेक उपाध्याय को गाजियाबाद पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर से बचाव दिलाया है। उपाध्याय का दावा है कि यह एफआईआर सड़क पर हुए विवाद के नाम पर दर्ज किया गया है और उनके निष्पक्ष पत्रकारितापूर्ण कार्यों को दबाने का प्रयास है।

LSN India · 25 August 2026

सुप्रीम कोर्ट ने पत्रकार अभिषेक उपाध्याय को कोई सजा देने से रोका

भारत के सुप्रीम कोर्ट ने पत्रकार अभिषेक उपाध्याय को कोई दंड देने से संबंधित मामले में कानूनी सुरक्षा प्रदान की है। उपाध्याय ने अदालत में अपनी याचिका में दावा किया है कि गाजियाबाद पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर के आरोप मनगढ़ंत हैं और यह उन्हें परेशान करने का एक षड्यंत्र है।

पत्रकार के अनुसार, इस मामले में सड़क पर हुए विवाद का हवाला दिया गया है, जबकि वास्तविकता में यह उनके स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारितापूर्ण कार्यों को दबाने का प्रयास है। उपाध्याय ने अदालत से कहा कि वे सार्वजनिक हित में रिपोर्टिंग करते हैं और इसी वजह से उन्हें परेशान किया जा रहा है।

सुप्रीम कोर्ट ने उपाध्याय की याचिका पर विचार करते हुए यह फैसला दिया है। अदालत ने गाजियाबाद पुलिस को सीधी कार्रवाई करने से रोक दिया है। यह फैसला पत्रकारों की आवाज उठाने की स्वतंत्रता की रक्षा के महत्व को दर्शाता है।

इस मामले में सुप्रीम कोर्ट का कदम मीडिया की स्वतंत्रता और पत्रकारों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे फैसले पत्रकारों को निर्भय होकर अपने कर्तव्य पर ध्यान केंद्रित करने के लिए प्रेरित करते हैं।