Politics · India Bureau
तेलंगाना: सरकारी कार्यालयों में शोधित जल का 100% उपयोग अनिवार्य
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने सरकारी दफ्तरों और सार्वजनिक स्थलों पर गैर-पेयजल कार्यों के लिए शोधित जल के पूर्ण उपयोग का निर्देश दिया है। डेटा सेंटरों की आपूर्ति सुनिश्चित करने के साथ ही भविष्य की जल मांग को ध्यान में रखते हुए उपाय किए जाएंगे।
LSN India ·

तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने राज्य के सरकारी कार्यालयों और सार्वजनिक स्थलों पर शोधित जल के 100 प्रतिशत उपयोग को अनिवार्य करने का आदेश दिया है। यह निर्णय जल संरक्षण और टिकाऊ जल प्रबंधन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। शोधित जल का उपयोग सफाई, बागवानी और अन्य गैर-पेयजल कार्यों में किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे डेटा सेंटरों की जल आपूर्ति के संबंध में विशेष ध्यान दें। इन सुविधाओं के संचालन के लिए बड़ी मात्रा में जल की आवश्यकता होती है, इसलिए शोधित जल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है।
यह निर्देश राज्य में बढ़ती जल मांग को देखते हुए जारी किया गया है। अधिकारियों को भविष्य की जल संकट को ध्यान में रखकर प्रणालीगत सुधार और दीर्घकालीन योजनाएं तैयार करने के लिए कहा गया है। पेयजल के संरक्षण के साथ-साथ औद्योगिक और वाणिज्यिक उपयोग के लिए शोधित जल के प्रबंधन को प्राथमिकता दी जा रही है।
तेलंगाना राज्य सरकार जल संकट से निपटने के लिए विभिन्न पहल कर रही है। इस नीति के कार्यान्वयन से न केवल पेयजल संसाधनों की बचत होगी बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान मिलेगा। राज्य के सभी सरकारी विभागों को इस निर्देश का कड़ाई से पालन करना होगा।