Politics · India Bureau
अमेरिकी अदालत ने न्यायाधीशों के पते लीक करने पर प्रतिबंध कानून को रद्द किया
अमेरिकी संघीय अपीलीय अदालत ने पश्चिम वर्जीनिया के एक कानून को अमान्य घोषित किया जो सरकारी अधिकारियों की व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा के लिए था। अदालत ने माना कि यह कानून संविधान के प्रथम संशोधन की वाक् स्वतंत्रता की गारंटी का उल्लंघन करता है।
LSN India ·

संघीय अपीलीय न्यायालय के इस फैसले में कहा गया है कि पश्चिम वर्जीनिया का 2021 का कानून न्यायाधीशों और सार्वजनिक अधिकारियों के पते के प्रकाशन को रोकने के लिए बनाया गया था, लेकिन यह अमेरिकी संविधान के मौलिक सिद्धांतों के विपरीत है।
इस कानून की सबसे बड़ी समस्या यह थी कि इसमें पूर्व सूचना या सुरक्षा संबंधी नोटिस दिए बिना प्रकाशकों पर दंड लगाया जाता था। इसके विपरीत, देश के अन्य राज्यों में बने समान कानूनों में प्रकाशकों को पहले से सूचित किया जाता है, जिससे उन्हें अपनी जिम्मेदारी समझने का मौका मिलता है।
मीडिया उद्योग के विशेषज्ञों ने इस कानून के खिलाफ चेतावनी दी थी कि यह पत्रकारों और समाचार संस्थानों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। उन्होंने तर्क दिया कि कानून की अस्पष्ट भाषा से पत्रकारों को अपनी नियमित रिपोर्टिंग में बाधा का सामना करना पड़ सकता है।
अदालत के इस फैसले का असर अब देश भर में ऐसे अन्य कानूनों की जांच पर भी पड़ने की संभावना है जो सार्वजनिक सूचना के प्रकाशन पर प्रतिबंध लगाते हैं। विधि विशेषज्ञों के अनुसार, यह निर्णय प्रेस की स्वतंत्रता और सार्वजनिक हित के बीच संतुलन स्थापित करने का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है।