Business · India Bureau
अमेरिकी EB-5 वीजा शुल्क में 114 प्रतिशत की बढ़ोतरी, भारतीय निवेशकों पर असर
अमेरिका ने आप्रवासी निवेशकों के लिए EB-5 वीजा का शुल्क दोगुने से अधिक बढ़ाने की घोषणा की है। यह नया नियम 30 नवंबर से लागू होगा और भारतीय निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण निहितार्थ रखता है।
LSN India ·

संयुक्त राज्य अमेरिका में निवेश-आधारित आव्रजन के लिए मार्ग प्रशस्त करने वाले EB-5 वीजा कार्यक्रम के शुल्क में भारी वृद्धि आने वाली है। अमेरिकी सरकार ने इन शुल्कों में 114 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दी है, जो 30 नवंबर से प्रभावी होगी। यह कदम विशेषकर उन भारतीय नागरिकों को प्रभावित करेगा जो अमेरिकी स्थायी निवास प्राप्त करने का इरादा रखते हैं।
EB-5 वीजा कार्यक्रम विदेशी निवेशकों को अमेरिकी व्यावसायिक उद्यमों में पूंजी निवेश करके आव्रजन लाभ प्राप्त करने का अवसर प्रदान करता है। नए शुल्क ढांचे के तहत, आवेदकों को पहले की तुलना में काफी अधिक राशि का भुगतान करना होगा। भारत से ऐसे निवेशकों की एक महत्वपूर्ण संख्या है जो इस मार्ग का उपयोग करते हैं।
इस शुल्क वृद्धि से संबंधित आवेदनों की लागत में उल्लेखनीय वृद्धि होगी और निवेश आवश्यकताओं की समग्र वित्तीय मांग बढ़ेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह परिवर्तन भारतीय निवेशकों को अपनी आर्थिक योजनाओं का पुनर्मूल्यांकन करने के लिए प्रेरित कर सकता है।
जो निवेशक इस नए नियम से पहले आवेदन करना चाहते हैं, उन्हें जल्द कदम उठाने की सलाह दी जा रही है। अमेरिकी अप्रवासन अधिकारियों से यह अपेक्षा की जा रही है कि वे इस संक्रमण अवधि के दौरान आवेदकों को स्पष्ट निर्देश प्रदान करें।