LSN News › India

World · India Bureau

अमेरिकी नियोक्ताओं को नागरिकों के विरुद्ध भेदभाव नहीं करना चाहिए: हरमीत धिल्लन

अमेरिकी कानून विशेषज्ञ हरमीत धिल्लन ने अंकित गुप्ता और वाई कॉम्बिनेटर विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि अमेरिकी नियोक्ता अपने देश के नागरिकों के साथ भेदभाव नहीं कर सकते।

LSN India · 28 August 2026

अमेरिकी नियोक्ताओं को नागरिकों के विरुद्ध भेदभाव नहीं करना चाहिए: हरमीत धिल्लन

प्रमुख अमेरिकी कानून विशेषज्ञ और नागरिक अधिकार वकील हरमीत धिल्लन ने हाल ही में अंकित गुप्ता और वाई कॉम्बिनेटर के बीच चल रहे विवाद पर अपनी राय व्यक्त की है। धिल्लन ने स्पष्ट किया कि अमेरिकी कानून के तहत नियोक्ताओं को अपने देश के नागरिकों के विरुद्ध किसी भी प्रकार का भेदभाव करने का अधिकार नहीं है।

इस मामले में धिल्लन की टिप्पणी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि यह रोजगार संबंधित कानूनी अधिकारों पर एक व्यापक बहस को उजागर करती है। विशेषज्ञ के अनुसार, अमेरिकी श्रम कानून सभी नागरिकों को समान रोजगार के अवसर प्रदान करने के सिद्धांत पर आधारित है।

धिल्लन के इस बयान से संकेत मिलता है कि यदि किसी नियोक्ता द्वारा अमेरिकी नागरिकों के साथ भेदभाव किया जा रहा है, तो इसे कानूनी रूप से चुनौती दी जा सकती है। यह टिप्पणी विशेषकर उन मामलों में प्रासंगिक है जहां वीजा धारकों या विदेशी कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जाती है।

अमेरिकी रोजगार कानून के अनुसार, नियोक्ताओं को किसी भी कर्मचारी के साथ उनकी नागरिकता स्थिति के आधार पर भेदभाव नहीं करना चाहिए। धिल्लन की यह चेतावनी स्टार्टअप और बड़ी कंपनियों को अपनी भर्ती नीतियों की समीक्षा करने का संदेश देती है।